“थीं चित्रकार भी स्त्रियाँ चित्रलेखा-सी कभी अंकनकुशल नायक हमारे नाटकों मे हैं सभी! “इतिहास काव्य पुराण नाटक, ग्रंथ जितने दीखते सबसे विदित है, चित्र-रचना, थे यहाँ सब सीखते! “हा! जो कलाएँ थीं कभी अत्युच्च भावोद्गारिणी विपरीतता देखो कि अब वे हैं अधोगतिकारिणी! “अपमान हाय! सरस्वती का सह रहे हम लोग हैं पर साथ ही इस … Continue reading [Part 1] M F Husain in a New Light: A Hindu Art Perspective
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[Part 1] M F Husain in a New Light: A Hindu Art Perspective
“थीं चित्रकार भी स्त्रियाँ चित्रलेखा-सी कभी अंकनकुशल नायक हमारे नाटकों मे हैं सभी! “इतिहास काव्य पुराण नाटक, ग्रंथ जितने दीखते सबसे विदित है, चित्र-रचना, थे यहाँ सब सीखते! “हा! जो कलाएँ थीं कभी अत्युच्च भावोद्गारिणी विपरीतता देखो कि अब वे हैं अधोगतिकारिणी! “अपमान हाय! सरस्वती का सह रहे हम लोग हैं पर साथ ही इस … Continue reading [Part 1] M F Husain in a New Light: A Hindu Art Perspective